بسم الله الرحمن الرحيم

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45094536فلله الحمد رب السماوات ورب الأرض رب العالمين
पस सब तारीफ ख़ुदा ही के लिए सज़ावार है जो सारे आसमान का मालिक और ज़मीन का मालिक (ग़रज़) सारे जहॉन का मालिक है
45104537وله الكبرياء في السماوات والأرض وهو العزيز الحكيم
और सारे आसमान व ज़मीन में उसके लिए बड़ाई है और वही (सब पर) ग़ालिब हिकमत वाला है
4511461بسم الله الرحمن الرحيم حم
हा मीम
4512462تنزيل الكتاب من الله العزيز الحكيم
ये किताब ग़ालिब (व) हकीम ख़ुदा की तरफ से नाज़िल हुई है
4513463ما خلقنا السماوات والأرض وما بينهما إلا بالحق وأجل مسمى والذين كفروا عما أنذروا معرضون
हमने तो सारे आसमान व ज़मीन और जो कुछ इन दोनों के दरमियान है हिकमत ही से एक ख़ास वक्त तक के लिए ही पैदा किया है और कुफ्फ़ार जिन चीज़ों से डराए जाते हैं उन से मुँह फेर लेते हैं
4514464قل أرأيتم ما تدعون من دون الله أروني ماذا خلقوا من الأرض أم لهم شرك في السماوات ائتوني بكتاب من قبل هذا أو أثارة من علم إن كنتم صادقين
(ऐ रसूल) तुम पूछो कि ख़ुदा को छोड़ कर जिनकी तुम इबादत करते हो क्या तुमने उनको देखा है मुझे भी तो दिखाओ कि उन लोगों ने ज़मीन में क्या चीज़े पैदा की हैं या आसमानों (के बनाने) में उनकी शिरकत है तो अगर तुम सच्चे हो तो उससे पहले की कोई किताब (या अगलों के) इल्म का बक़िया हो तो मेरे सामने पेश करो
4515465ومن أضل ممن يدعو من دون الله من لا يستجيب له إلى يوم القيامة وهم عن دعائهم غافلون
और उस शख़्श से बढ़ कर कौन गुमराह हो सकता है जो ख़ुदा के सिवा ऐसे शख़्श को पुकारे जो उसे क़यामत तक जवाब ही न दे और उनको उनके पुकारने की ख़बरें तक न हों
4516466وإذا حشر الناس كانوا لهم أعداء وكانوا بعبادتهم كافرين
और जब लोग (क़यामत) में जमा किये जाएगें तो वह (माबूद) उनके दुशमन हो जाएंगे और उनकी परसतिश से इन्कार करेंगे
4517467وإذا تتلى عليهم آياتنا بينات قال الذين كفروا للحق لما جاءهم هذا سحر مبين
और जब हमारी खुली खुली आयतें उनके सामने पढ़ी जाती हैं तो जो लोग काफिर हैं हक़ के बारे में जब उनके पास आ चुका तो कहते हैं ये तो सरीही जादू है
4518468أم يقولون افتراه قل إن افتريته فلا تملكون لي من الله شيئا هو أعلم بما تفيضون فيه كفى به شهيدا بيني وبينكم وهو الغفور الرحيم
क्या ये कहते हैं कि इसने इसको ख़ुद गढ़ लिया है तो (ऐ रसूल) तुम कह दो कि अगर मैं इसको (अपने जी से) गढ़ लेता तो तुम ख़ुदा के सामने मेरे कुछ भी काम न आओगे जो जो बातें तुम लोग उसके बारे में करते रहते हो वह ख़ूब जानता है मेरे और तुम्हारे दरमियान वही गवाही को काफ़ी है और वही बड़ा बख्शने वाला है मेहरबान है


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